Ham Ko Bulana Ya Rasul Allah

Ham Ko Bulana Ya Rasul Allah     Kabhi To Sabz Gumbad Ka Nazara Ham Bhi Dekhen ge Hame Bhi Bulwayen Ge Aaqa Madina Me Bhi Jaunga.   Dhark Uthe Yeh Dil Ya dharkana Bhul Jayega Dile Bismil Ka Us Dar Par Tamasha Ham Bhi Dekhenge.   Dare Dolat Se Khali Utaha Nahi Jata Khali … Read more

Waah ! Kya Jood-o-Karam Hai Shah-e-Bat.haa ! Tera

वाह ! क्या जूद-ओ-करम है शह-ए-बत़्ह़ा ! तेरा / Waah ! Kya Jood-o-Karam Hai Shah-e-Bat.haa ! Teraवाह ! क्या जूद-ओ-करम है शह-ए-बत़्ह़ा ! तेरानहीं सुनता ही नहीं माँगने वाला तेरा धारे चलते हैं अ़त़ा के वो है क़त़रा तेरातारे खिलते हैं सख़ा के वो है ज़र्रा तेरा फ़ैज़ है या शह-ए-तसनीम ! निराला तेराआप प्यासों … Read more

Kabe ki Ronaq Kabe ka Manzar

काबे की रौनक़ काबे का मंज़र अल्लाहु अकबर अल्लाहु अकबर / Kabe Ki Raunaq Kabe Ka Manzar Allahu Akbar Allahu Akbarका’बे की रौनक़, का’बे का मंज़र, अल्लाहु अकबर, अल्लाहु अकबरदेखूँ तो देखे जाऊँ बराबर, अल्लाहु अकबर, अल्लाहु अकबर हैरत से ख़ुद को कभी देखता हूँ और देखता हूँ कभी मैं हरम कोलाया कहाँ मुझ को … Read more

wadi raza ki he kohe himala raza ka he

जल्वा है नूर है कि सरापा रज़ा का है | वादी रज़ा की कोह-ए-हिमाला रज़ा का है / Jalwa Hai Noor Hai Ki Sarapa Raza Ka Hai | Wadi Raza Ki Koh-e-Himala Raza Ka Haiजल्वा है, नूर है कि सरापा रज़ा का हैतस्वीर-ए-सुन्नियत है कि चेहरा रज़ा का है वादी रज़ा की, कोह-ए-हिमाला रज़ा का … Read more

tu sham e risalat he

तू शम-ए-रिसालत है आलम तेरा परवाना / Tu Sham-e-Risalat Hai Aalam Tera Parwanaतू शम’-ए-रिसालत है, ‘आलम तेरा परवानातू माह-ए-नुबुव्वत है, ऐ जल्वा-ए-जानाना ! जो साक़ी-ए-कौसर के चेहरे से नक़ाब उठेहर दिल बने मय-ख़ाना, हर आँख हो पैमाना दिल अपना चमक उठे ईमान की तल’अत सेकर आँखें भी नूरानी, ऐ जल्वा-ए-जानाना ! सरशार मुझे कर दे … Read more